चन्दन गुप्ता के पिता ने 20 लाख लेने से किया इंकार, बोले बेटे को शहीद का दर्जा चाहिए, हिन्दू नहीं होता है लालची नहीं

Share:
chandan gupta kasganj chandan gupta's dad

चन्दन गुप्ता के पिता ने 20 लाख लेने से किया इंकार, बोले बेटे को शहीद का दर्जा चाहिए, हिन्दू नहीं होता है लालची नहीं

लोग अक्सर आजादी के बारे में ये सवाल पूंछते हैं की कैसे भगत सिंह, राजगुरु चन्द्रशेखर आजाद ,के माता पिता उन्हे जंग में भेज देते थे , कैसे वो अपने सीने पर पत्थर रख कर अपने लाडले बेटों को तिरंगा की शान बचाए रखने के लिए भेज देते थे, जबकि उन्हे पता होता था की तिरंगा की शान के बदले उनके बच्चे अपनी जान गँवाकर आएंगे, मुझे हमेशा से यही लगता था की शायद इस 21वी शताब्दी में कोई माता पिता निश्वार्थ भाव से ऐसा कर पाएगा, लेकिन मैं गलत था

चन्दन गुप्ता के पिता जी ने सरकार द्वारा दी जाने वाली 20 लाख की मुआवजा राशि लेने से इंकार कर दिया और कहा की मेरा बेटा कोई चोरी या डकैती करते हुये नहीं मारा गया है उसने देश की खातिर बलिदान दिया है, उसने तिरंगा की खातिर बलिदान दिया है, उसने भारत माता की जय बोलते हुये अपने सीने पर गोली खाई है, मेरा बेटा मरा नहीं है अमर हो गया है उसे शहीद का दर्जा मिलना चाहिए ऐसा नहीं है की चन्दन गुप्ता के पिता कोई करोड़पति हैं, चन्दन गुप्ता के पिता एक प्राइवेट नौकरी करते हैं उनके पिता की तनख्वाह लगभग 27 हजार के आसपास है इसी से उनका गुजारा चलता है, लेकिन चन्दन गुप्ता के पिता ने ये शाबित कर दिया की हिन्दू लालची नहीं होता है उसके लिए पहले देश होता है।

आज चन्दन गुप्ता के पिता सुशील गुप्ता ने मिशाल पेश की है, उन्होने उन सभी लोगों को खामोश कर दिया जिनको लगता था की शायद अब कोई भगत सिंह राज गुरु जैसा बेटा पैदा करेगा, चन्दन के पिता ने शाबित कर दिया की भारत माता के रखवाले सिर्फ पैसे के भूखें नहीं होते हैं लेकिन उन्हे सम्मान से वंचित न किया जाये, चन्दन गुप्ता हम शर्मिंदा है तेरे कातिल जिंदा हैं,

झण्डा ऊंचा रहे हमारा विजयी विश्व तिरंगा प्यारा

भारत माता की जय जय हिन्द जय भारत

No comments